PMAY-G: घर का निर्माण और सहायता
घर का निर्माण और मिलने वाली सहायता
जानें कि PMAY-G के तहत घर कैसे बनता है और लाभार्थियों को क्या-क्या सहायता मिलती है।
PMAY-G के तहत सपनों का घर बनाना
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) के तहत एक घर केवल ईंट और गारे का ढांचा नहीं है, बल्कि यह लाभार्थी की आशाओं और जरूरतों के अनुसार बनाया गया एक सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन का आधार है। योजना यह सुनिश्चित करती है कि घर का निर्माण गुणवत्तापूर्ण हो और उसमें सभी बुनियादी सुविधाएं मौजूद हों।
घर का आकार और डिजाइन
- न्यूनतम आकार: हर घर का न्यूनतम आकार 25 वर्ग मीटर (लगभग 269 वर्ग फुट) होना अनिवार्य है, जिसमें खाना पकाने के लिए एक स्वच्छ स्थान भी शामिल है।
- डिजाइन चुनने की आजादी: लाभार्थियों को स्थानीय जलवायु, संस्कृति और अपनी पसंद के आधार पर घर का डिजाइन चुनने की पूरी आजादी है। राज्य सरकारें इसके लिए विभिन्न डिजाइन विकल्प (Design Typologies) उपलब्ध कराती हैं।
- आपदा प्रतिरोधी निर्माण: घर का डिजाइन ऐसा होना चाहिए जो उस क्षेत्र में आने वाली प्राकृतिक आपदाओं जैसे- भूकंप, बाढ़, चक्रवात या भूस्खलन का सामना कर सके।
निर्माण की गुणवत्ता सुनिश्चित करना
PMAY-G में निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया जाता है। इसके लिए स्थानीय स्तर पर राजमिस्त्रियों को प्रशिक्षित किया जाता है और निर्माण के हर चरण की निगरानी की जाती है।
सिर्फ पैसा नहीं, पूरा सहयोग: PMAY-G में लाभार्थियों को मिलने वाली सहायता
PMAY-G का उद्देश्य सिर्फ घर बनाने के लिए वित्तीय सहायता देना नहीं है, बल्कि निर्माण प्रक्रिया के हर कदम पर लाभार्थी का सहयोग करना भी है। यह सहयोग कई रूपों में प्रदान किया जाता है:
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वित्तीय सहायता:
- मैदानी क्षेत्रों में ₹1,20,000
- पहाड़ी/दुर्गम क्षेत्रों और IAP जिलों में ₹1,30,000
- मनरेगा से मजदूरी: लाभार्थी को महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (MGNREGA) के तहत अपने घर के निर्माण के लिए 90/95 दिनों की अकुशल मजदूरी का भुगतान भी किया जाता है।
- शौचालय निर्माण के लिए सहायता: स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण (SBM-G) के तहत शौचालय निर्माण के लिए ₹12,000 की अतिरिक्त सहायता प्रदान की जाती है।
- तकनीकी सहायता: घर के डिजाइन से लेकर निर्माण पूरा होने तक, हर चरण में तकनीकी विशेषज्ञों (Technical Assistants) द्वारा मार्गदर्शन और सहायता प्रदान की जाती है ताकि घर मजबूत और सुरक्षित बने।